मध्य प्रदेश के राजगढ़ का रहने वाला है गिरोह
गिरोह के कब्जे से नगदी के अलावा चार मोबाइल हुए बरामद
UP TIMES NEWS- बांदा पुलिस ने मध्य प्रदेश के राजगढ़ के रहने वाले टप्पेबाजों के गिरोह को पकड़ा है। जिसमें एक बाल आपचारी भी शामिल है। गिरोह के कब्जे से चोरी की रकम तथा चार मोबाइल बरामद हुए हैं।
पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में जनपद में अपराध एवं अपराधियों पर नियंत्रण लगाये जाने तथा विभिन्न अभियोगों में वांछित चल रहे अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु चलाए जा रहे अभियान के क्रम में थाना अतर्रा व एसओजी की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा टप्पेबाजी/चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले अन्तर्राज्यीय गिरोह के 03 सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया गया है। तथा घटना में शामिल एक बाल अपचारी को भी संरक्षण में लिया गया है।सीओ अतर्रा प्रवीण कुमार ने बताया कि कस्बा अतर्रा की रहने वाली ललिता देवी ने दिनांक 02 अगस्त को थाना अतर्रा पर सूचना दी कि वह अपने 35 हजार रुपए लेकर बैंक में जमा करने गई थी। तभी किसी अज्ञात व्यक्ति के द्वारा बैग में रुपए निकाल लिए गए। इस सम्बन्ध में थाना अतर्रा पर अभियोग पंजीकृत करते हुए अभियुक्त की पहचान व गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे थे। इस क्रम में गुरुवार को थाना अतर्रा व एसओजी की संयुक्त पुलिस टीम भ्रमणशील थी। इसी दौरान सूचना प्राप्त हुई कि अतर्रा पुरानी तहसील के पास कुछ महिलाएं व पुरुष संदिग्ध रुप से खड़े है। तथा किसी घटना को अंजाम देने वाले है। सूचना पर तत्काल पुलिस टीम द्वारा मौके पर जाकर घेराबन्दी करते हुए दो महिलाए व एक पुरुष को हिरासत में लिया गया तथा एक बाल अपचारी को भी अभिरक्षा में लिया गया।पूछताछ के दौरान उन्होंने अपना नाम श्वेता सिसौदया पुत्री सुधीर सासी निवासी गुलखेडी थाना बोड़ा जनपद राजगढ (म0प्र0),सोनम सिसौदिया (सासी) पत्नी बब्लू सासी गुलखेडी थाना बोड़ा जनपद राजगढ (म0प्र0),विकास सिसौधिया(सासी) पुत्र रामबाबू सासी निवासी कडिया थाना बोड़ा जनपद राजगढ (म0प्र0) बताया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से 27 हजार 800 रुपए नगद तथा 04 मोबाइल फोन बरामद हुए है। कड़ाई से पूछताछ करने पर अभियुक्तों ने अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि उनका एक संगठित टप्पेबाजी/चोरी का गिरोह है। जो मध्य व प्रदेश उत्तर में घूम-घूमकर दुकानों, बैंको, बाजारों, ज्वैलरी की दुकानों तथा भीड़-भाड़ वाले आदि स्थानों पर रुपए लेकर चलने वालो की रेकी कर टप्पेबाजी/चोरी करते है। तथा अपने साथ पानी की बोतल या कोल्ड ड्रिंक में हल्का नशीला पदार्थ मिलाकर रखते है। मौका मिलने पर या उन्हे गर्मी/प्यास लगने आदि के बहाने से पीला देते है, जब उन्हे पीने के बाद चक्कर आता है। तब लोगों के पर्स, रुपए आदि की चोरी कर लेते है। कुछ दिन पूर्व कस्बा अतर्रा में एक महिला जो एक बैंक से रुपए निकालकर दूसरे बैंक में जमा करने जा रही थी तभी उनके द्वारा महिला का पीछा करके बैंक में जाकर उसके 35 हजार रुपए चोरी कर लिए थे। पुलिस टीम द्वारा इस सम्बन्ध में विस्तृत जांच की जा रही है कि इनके गिरोह में और कितने लोग शामिल है तथा इनके द्वारा किन-किन जनपदों में टप्पेबाजी/चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया गया। गिरफ्तार करने वाली टीम में अतर्रा प्रभारी निरीक्षक ऋषिदेव सिंह,एसओजी प्रभारी एसओजी आनन्द कुमार, कृष्णदेव त्रिपाठी, प्रीत कुमार पाण्डेय चौकी प्रभारी कस्बा अतर्रा,उप निरीक्षक रणजीत बहादुर,आरक्षी संदीप यादव,अश्वनी कुमार,अमित कुमार कुशवाहा,अमित कुमार त्रिपाठी,रजित कुमार यादव,पूजा रावत,अर्चना शामिल रही।